शनि को ज्योतिष में कर्मफलदाता और न्यायप्रिय ग्रह माना जाता है। शनि अपनी धीमी चाल के लिए प्रसिद्ध हैं और यही कारण है कि इनके गोचर और नक्षत्र परिवर्तन का प्रभाव लंबे समय तक व्यक्ति के जीवन पर बना रहता है। मेष से लेकर मीन राशि तक शनि का प्रभाव सभी राशियों पर पड़ता है, लेकिन जब शनि अपनी चाल या नक्षत्र बदलते हैं, तब कुछ राशियों के लिए यह समय अत्यंत शुभ सिद्ध होता है।
वर्तमान समय में शनि गुरु की मीन राशि में विराजमान हैं और अभी तक पूर्व भाद्रपद नक्षत्र में गोचर कर रहे थे। हिंदू पंचांग के अनुसार,
20 जनवरी 2026, मंगलवार को दोपहर 12 बजकर 13 मिनट पर शनि नक्षत्र परिवर्तन करेंगे और अपने ही नक्षत्र उत्तर भाद्रपद में प्रवेश करेंगे।
शनि इस नक्षत्र में 17 मई 2026 तक रहेंगे। यानी आने वाले लगभग 4 महीने कुछ राशियों के लिए सौभाग्य, उन्नति और राहत लेकर आने वाले हैं।
आइए जानते हैं किन राशियों पर शनि का यह नक्षत्र परिवर्तन विशेष कृपा बरसाने वाला है।
मिथुन राशि: संघर्ष का मिलेगा फल, प्रमोशन और धन लाभ के योग
मिथुन राशि वालों के लिए शनि का अपने ही उत्तर भाद्रपद नक्षत्र में गोचर करना बेहद शुभ माना जा रहा है। लंबे समय से जो परेशानियाँ चल रही थीं, अब उनमें धीरे-धीरे कमी आएगी।
इस अवधि में आपके जीवन में नए अवसर सामने आ सकते हैं। करियर में किया गया संघर्ष अब रंग लाने लगेगा और प्रमोशन या पदोन्नति के योग भी बन रहे हैं। नौकरीपेशा लोगों को नए टास्क और ज़िम्मेदारियाँ मिल सकती हैं, जिससे आगे चलकर लाभ होगा।
कुछ जातक इस समय प्रॉपर्टी खरीदने का भी मन बना सकते हैं। आकस्मिक धन लाभ के योग भी दिखाई दे रहे हैं। लव लाइफ में रोमांस बना रहेगा और पार्टनर के साथ संबंध मधुर होंगे।
हालाँकि स्वास्थ्य के मामले में थोड़ी सावधानी जरूरी है। जंक फूड से दूरी बनाए रखें और अपनी डाइट व दिनचर्या पर ध्यान दें। इस दौरान किसी छोटी या लंबी यात्रा का योग भी बन सकता है।
वृश्चिक राशि: स्वास्थ्य, व्यापार और मानसिक शांति में होगा सुधार
वृश्चिक राशि वालों के लिए भी शनि का यह नक्षत्र परिवर्तन शुभ संकेत लेकर आया है। इस समय आपको अपने दोस्तों और करीबी लोगों का पूरा सहयोग मिलेगा, जिससे रुके हुए काम पूरे होंगे।
स्वास्थ्य में पहले से चल रही समस्याओं में सुधार देखने को मिलेगा और मानसिक रूप से भी आप खुद को मजबूत महसूस करेंगे। व्यापार से जुड़े लोगों के लिए यह समय खास हो सकता है, क्योंकि किसी नए बिज़नेस या डील की शुरुआत के संकेत मिल रहे हैं।
घर-परिवार में सुख-शांति बनी रहेगी और पारिवारिक विवादों से राहत मिलेगी। साथ ही, इस अवधि में आपका झुकाव धार्मिक और आध्यात्मिक कार्यों की ओर भी बढ़ सकता है, जिससे मन को शांति और संतुलन मिलेगा।
निष्कर्ष
शनि का उत्तर भाद्रपद नक्षत्र में गोचर सभी राशियों के लिए समान नहीं होता, लेकिन मिथुन और वृश्चिक राशि वालों के लिए यह समय उन्नति, स्थिरता और शुभ फल देने वाला साबित हो सकता है। यदि आप धैर्य और अनुशासन के साथ कर्म करते हैं, तो शनि आपको निश्चित रूप से उसका श्रेष्ठ फल प्रदान करेंगे।





















